Hak Allah atas hamba adalah menyembah-nya tanpa menyekutukan-nya, dan hak hamba atas Allah adalah tidak disiksa jika tidak menyekutukan-nya
Imam Tirmidzi : 2567حَدَّثَنَا مَحْمُودُ بْنُ غَيْلَانَ حَدَّثَنَا أَبُو أَحْمَدَ حَدَّثَنَا سُفْيَانُ عَنْ أَبِي إِسْحَقَ عَنْ عَمْرِو بْنِ مَيْمُونٍ عَنْ مُعَاذِ بْنِ جَبَلٍ قَالَقَالَ رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ أَتَدْرِي مَا حَقُّ اللَّهِ عَلَى الْعِبَادِ قُلْتُ اللَّهُ وَرَسُولُهُ أَعْلَمُ قَالَ فَإِنَّ حَقَّهُ عَلَيْهِمْ أَنْ يَعْبُدُوهُ وَلَا يُشْرِكُوا بِهِ شَيْئًا قَالَ أَتَدْرِي مَا حَقُّهُمْ عَلَيْهِ إِذَا فَعَلَوْا ذَلِكَ قُلْتُ اللَّهُ وَرَسُولُهُ أَعْلَمُ قَالَ أَنْ لَا يُعَذِّبَهُمْهَذَا حَدِيثٌ حَسَنٌ صَحِيحٌ وَقَدْ رُوِيَ مِنْ غَيْرِ وَجْهٍ عَنْ مُعَاذِ بْنِ جَبَلٍ
हमरा सब के कहलक अछि [महमुद बिन घैलन] हमरा सब के कहलक अछि [अबू अहमद] हमरा सब के [सूफयान] के [अबू इशक] स ['अमरू बिन मैमुन] स [मुअदज बिन जबल] स कहलक अछि ओ कहलनि; नबी सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम कहलनि: की अहाँ के पता अछि जे अल्लाह के अपन सेवक पर की हक अछि? ' हम उत्तर देलियनि; 'अल्लाह आ हुनकर रसूलुल्लाह बेसी जनैत छथि'। ओ कहलनि: 'अल्लाह के हुनका सब पर अधिकार ई अछि जे ओ हुनकर इबादत करैत छथि, आ हुनका संग कोनो चीज के साथ साझीदार के संगति नहि करैत छथि'। ओ पुछलकै; 'अल्लाह सँ हुनका सब के कोन अधिकार छनि जँ ई सब केने छथि? ' हम उत्तर देलियनि; 'अल्लाह आ हुनकर रसूलुल्लाह बेसी जनैत छथि'। ओ कहलनि: 'जाहि सँ अल्लाह हुनका सभ केँ सजा नहि देथि'। ई एकटा प्रामाणिक हसन हदीस छै, आरू ई खाली एक सनाद स॑ नै, मुअदज बिन जबल स॑ बतैलऽ गेलऽ छै ।
Hadith Corroboration :
Imam Ahmad : 3371, 3442, 3833, 3838, 4011, 4174, 4193, 6297, 7973, 8344, 8382, 8714, 10166, 10376, 11327, 12145, 13071, 13417, 13964, 14016, 14184, 14413, 14485, 14667, 14675, 16700, 16741, 17568, 18142, 18264, 20385, 20431, 20446, 20462, 20491, 20493, 20987, 20989, 20990, 20993, 20996, 20997, 20999, 21002, 21019, 21029, 21030, 21058, 21069, 21077, 21082, 21427, 21620, 21653, 22423, 22458, 22489, 26251, 26267
Imam Bukhari : 125, 126, 1161, 1162, 2213, 2644, 2983, 3180, 4137, 5379, 5510, 5796, 5797, 5962, 5963, 6019, 6189, 6825, 6933
Imam Muslim : 38, 41, 42, 43, 44, 45, 46, 47, 48, 134, 135, 136, 137, 138, 1654, 1655
Imam Tirmidzi : 627, 2562, 2567, 2568
Imam Nasa'i : 2085, 2086, 3905, 3944, 3947, 3948, 3949, 3950
Imam Ibnu Majah : 1642, 2608, 3786
Imam Malik : 375