Al Jabbar
Imam Ahmad : 1478
حَدَّثَنَا يَحْيَى بْنُ سَعِيدٍ عَنْ مُوسَى الْجُهَنِيِّ حَدَّثَنِي مُصْعَبُ بْنُ سَعْدٍ عَنْ أَبِيهِ أَنَّ أَعْرَابِيًّا أَتَى النَّبِيَّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ فَقَالَ عَلِّمْنِي كَلَامًا أَقُولُهُ قَالَ قُلْ لَا إِلَهَ إِلَّا اللَّهُ وَحْدَهُ لَا شَرِيكَ لَهُ اللَّهُ أَكْبَرُ كَبِيرًا وَالْحَمْدُ لِلَّهِ كَثِيرًا وَسُبْحَانَ اللَّهِ رَبِّ الْعَالَمِينَ وَلَا حَوْلَ وَلَا قُوَّةَ إِلَّا بِاللَّهِ الْعَزِيزِ الْحَكِيمِ خَمْسًا قَالَ هَؤُلَاءِ لِرَبِّي فَمَا لِي قَالَ قُلْ اللَّهُمَّ اغْفِرْ لِي وَارْحَمْنِي وَارْزُقْنِي وَاهْدِنِي وَعَافِنِي
हमका [यह्या बिन सैद] [मूसा अल जुहानी] से बतावा गा है, [अपने पिता] से [मुशाब बिन सद] से बतावा गा है, कि एक बेडौइन पैगम्बर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम से मिला अऊर फिर कहिस; 'मुझे एक वाक्य सिखाओ कि मैं -कभी भी- कह सकूँ!' उ कहिन: 'पढ़ौ: ला इलाहा इल्लाहु वहदाहू ला स्यारीका लहु, अल्लाहु अकबर कबीरा, वल्हामदु लिल्लाही कत्सिरा वा सुभानल्लाही रब्बील 'अलामीन, वा ला हौला वाला क्व्वाता इला बिल्लाह इल्लाह इल्लाह इल्लाहु अज़की ईश्वर के लायक नाहीं है एक अल्लाह के अलावा, ओकरे लिए कौनो साथी नाहीं है, अल्लाह सर्वशक्तिमान बड़ा अऊर महिमावान है। सब तारीफ अकेले अल्लाह के लिए है, अऊर महिमा अल्लाह के लिए है, दुनिया के रब्ब। सर्वशक्तिमान, सर्वज्ञ अल्लाह के अलावा कौनो शक्ति अऊर ताकत नाहीं है - पांच बार'। बेडौइन कहिन; 'यह सब मोर रब्ब के लिए है, जवन कि मोर लिए है?' उ जवाब दिहिन; 'पढ़ौ: अल्लाहुम्मघफिरली वारहमनी वारजुकनी वहदिनी वअफीनी -हे अल्लाह! माफ करौ दया करौ जीविका दै मार्गदर्शन दै औ स्वास्थ्य दै-'।