Rasulullah shallallahu 'alaihi wasallam sujud di atas air dan lumpur hingga tampak sisa tanah becek pada dahi beliau
Imam Muslim : 1995
حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ الْمُثَنَّى حَدَّثَنَا أَبُو عَامِرٍ حَدَّثَنَا هِشَامٌ عَنْ يَحْيَى عَنْ أَبِي سَلَمَةَ قَالَ تَذَاكَرْنَا لَيْلَةَ الْقَدْرِ فَأَتَيْتُ أَبَا سَعِيدٍ الْخُدْرِيَّ رَضِيَ اللَّهُ عَنْهُ وَكَانَ لِي صَدِيقًا فَقُلْتُ أَلَا تَخْرُجُ بِنَا إِلَى النَّخْلِ فَخَرَجَ وَعَلَيْهِ خَمِيصَةٌ فَقُلْتُ لَهُ سَمِعْتَ رَسُولَ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ يَذْكُرُ لَيْلَةَ الْقَدْرِ فَقَالَ نَعَمْ اعْتَكَفْنَا مَعَ رَسُولِ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ الْعَشْرَ الْوُسْطَى مِنْ رَمَضَانَ فَخَرَجْنَا صَبِيحَةَ عِشْرِينَ فَخَطَبَنَا رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ فَقَالَ إِنِّي أُرِيتُ لَيْلَةَ الْقَدْرِ وَإِنِّي نَسِيتُهَا أَوْ أُنْسِيتُهَا فَالْتَمِسُوهَا فِي الْعَشْرِ الْأَوَاخِرِ مِنْ كُلِّ وِتْرٍ وَإِنِّي أُرِيتُ أَنِّي أَسْجُدُ فِي مَاءٍ وَطِينٍ فَمَنْ كَانَ اعْتَكَفَ مَعَ رَسُولِ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ فَلْيَرْجِعْ قَالَ فَرَجَعْنَا وَمَا نَرَى فِي السَّمَاءِ قَزَعَةً قَالَ وَجَاءَتْ سَحَابَةٌ فَمُطِرْنَا حَتَّى سَالَ سَقْفُ الْمَسْجِدِ وَكَانَ مِنْ جَرِيدِ النَّخْلِ وَأُقِيمَتْ الصَّلَاةُ فَرَأَيْتُ رَسُولَ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ يَسْجُدُ فِي الْمَاءِ وَالطِّينِ قَالَ حَتَّى رَأَيْتُ أَثَرَ الطِّينِ فِي جَبْهَتِهِ و حَدَّثَنَا عَبْدُ بْنُ حُمَيْدٍ أَخْبَرَنَا عَبْدُ الرَّزَّاقِ أَخْبَرَنَا مَعْمَرٌ ح و حَدَّثَنَا عَبْدُ اللَّهِ بْنُ عَبْدِ الرَّحْمَنِ الدَّارِمِيُّ أَخْبَرَنَا أَبُو الْمُغِيرَةِ حَدَّثَنَا الْأَوْزَاعِيُّ كِلَاهُمَا عَنْ يَحْيَى بْنِ أَبِي كَثِيرٍ بِهَذَا الْإِسْنَادِ نَحْوَهُ وَفِي حَدِيثِهِمَا رَأَيْتُ رَسُولَ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ حِينَ انْصَرَفَ وَعَلَى جَبْهَتِهِ وَأَرْنَبَتِهِ أَثَرُ الطِّينِ
हमसे कहिन है [मुहम्मद बिन अल मुत्सन्ना] हमसे कहिन हैं [अबू अमीर] हमसे [हिशम] से [यह्या] से [अबू सलामा] कहिन हैं उ कहिन; हमका लैलातुल कादर याद आवा, फिर हम [अबू सईद अल खुदरी रदलियाअल्लाहु अन्हू] के पास गयेन - उ हमार दोस्त भी हैं - फिर हम पूछेन, 'का तुम हमरे साथे खजूर के बगीचा मा नाहीं आये रहेव?' यहिसे ऊ चोगा पहिन के बाहर आवा। फिर हमने फिर से पूछा, 'क्या आपने कभी रसूलुल्लाह सल्लल्लाह अलैहि वसल्लम को लैलतुल कादर का जिक्र करते सुना है?' उ जवाब दिहिस; 'हाँ, हम एक बार रसूलुल्लाह सल्लल्लाह अलैहि वसल्लम के साथे रमदलान के पहिले दस अऊर बीच मा इतिकाफ किहे रहेन। अऊर जब हम बीसवें दिन के सुबह बाहर आए, त रसूलुल्लाह सल्लल्लाह अलैहि वसल्लम बेखुतबाह ने कहा: 'वास्तव मा, हमका एक सपना देखा कि लैलातुल कादर का हमका देखावा गा रहा, लेकिन हम भूल गएन -या- फिर से भूल गएन। यहिसे, रमदलान के अंतिम दस दिनन मा, यानी हर अजीब रात मा, ओका ढूंढौ। अऊर सचमुच, अपने सपने मा, मैं नम पानी मा खुद का सजदा किहेंव। तौ जे रसूलल्लाह सल्लल्लाह अलैहि वसल्लम से इतिकाफ करै चाहत है, ओका वापस जाय दे'। फिर हम घर गयेन, अऊर वहि समय हमका आसमान मा जरा भी कोहरा नाहीं देखा गा रहा। हालांकि, अचानक बादलन का एक संग्रह आवा, अऊर बारिश भै, जब तक कि मस्जिद पानी से भर गै, भले ही मस्जिद खजूर के पत्तन से बनी रही। फिर नमाज स्थापित होइ गै अऊर हम रसूलुल्लाह सल्लल्लाह अलैहि वसल्लम का पानी अऊर नम माटी के एक खिंचाव पर सजदा करत देखेन, जब तक कि हम उनके माथे पर निशान नाहीं देखेन। अऊर हमसे कहिस है [अब्दुर्ज़ाक] हमसे कहिस है [ममर] -एक अउर कथन मा- अऊर हमसे कहिस है [अब्दुल्ला बिन अब्दुर्रहमान अद दारिमी] हमसे कहिस है [अबुल मुघिराह] हमसे कहिस है [अल औजाई] [यह्या बिन अबू कतसीर] दुइनौ के साथ, उदाहरण के लिए। अऊर दुइनौ हदीस मा ई कहा गा है; 'मैंने रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम को देखा जब उन्होंने नमाज खतम की, जबकि उनके माथे पर गंदगी थी'।