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Membaca: RADLIINA BILLAHI RABBAN WA BIL ISLAAMI DIINAN WA BIMUHAMMADDIN RASUULAN - kecuali telah wajib bagi Allah untuk meridhainya
Imam Abu Dawud : 4410حَدَّثَنَا حَفْصُ بْنُ عُمَرَ حَدَّثَنَا شُعْبَةُ عَنْ أَبِي عَقِيلٍ عَنْ سَابِقِ بْنِ نَاجِيَةَ عَنْ أَبِي سَلَّامٍ أَنَّهُ كَانَ فِي مَسْجِدِ حِمْصَ فَمَرَّ بِهِ رَجُلٌ فَقَالُوا هَذَا خَدَمَ النَّبِيَّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ فَقَامَ إِلَيْهِ فَقَالَ حَدِّثْنِي بِحَدِيثٍ سَمِعْتَهُ مِنْ رَسُولِ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ لَمْ يَتَدَاوَلْهُ بَيْنَكَ وَبَيْنَهُ الرِّجَالُ قَالَ سَمِعْتُ رَسُولَ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ يَقُولُ مَنْ قَالَ إِذَا أَصْبَحَ وَإِذَا أَمْسَى رَضِينَا بِاللَّهِ رَبًّا وَبِالْإِسْلَامِ دِينًا وَبِمُحَمَّدٍ رَسُولًا إِلَّا كَانَ حَقًّا عَلَى اللَّهِ أَنْ يُرْضِيَهُ
हमरा सब के [हफश बिन उमर] कहलक, हमरा सब के [स्यूबाह] के [अबू अकील] स [सबीक बिन नजियाह] स [अबू सल्लम] स कहल गेल अछि जे एक बेर ओ हिमशा मस्जिद में छलाह, तखन [एक आदमी] हुनका पास स गुजरल छल। तखन जनता कहलक जे ई नबी सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के सेवक अछि ! तेँ ओ ओहि आदमीक सोझाँ ठाढ़ भ’ गेलाह आ कहलनि, हमरा एकटा हदीस बताउ जे अहाँ अल्लाह केर रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम सँ सुनने रही, जे अहाँ सोझे बिना दोसर लोकक बिचौलियाक सुनने रही। ओ आदमी कहलक, 'हम अल्लाह के रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के कहैत सुनने छी: 'जे कियो भोर आ साँझ के समय कहैत छथि: 'रदलीना बिल्लाही रब्बन वा बिल इस्लामी दियनन वा बिमुहम्मदीन रसूलन - हम अल्लाह के अपन प्रभु के रूप में, इस्लाम के अपन धर्म के रूप में आ मुहम्मद के हमर रसूलुल्लाह के रूप में प्रसन्न छी -, जखन तक कि ई अनिवार्य नै हो अल्लाह हुनका सँ प्रसन्न होथि'।