Imam Darimi : 2963
أَخْبَرَنَا مُحَمَّدُ بْنُ يُوسُفَ حَدَّثَنَا سُفْيَانُ عَنْ دَاوُدَ عَنْ الشَّعْبِيِّ عَنْ شُرَيْحٍ قَالَ يُوَرَّثُ الْأَسِيرُ إِذَا كَانَ فِي أَيْدِي الْعَدُوِّ
हमसे कहिस है [मुहम्मद बिन यूसुफ] हमसे [सुफयान] से [दाऊद] से [अश स्याबी] से [स्युरैह] से कहिस है; एक कैदी व्यक्ति का विरासत का अधिकार है भले ही उ दुश्मन के हाथ मा हो।