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ISLAM AL-HAQ: QURAN & HADITH
(The True Islam)



Orang badui kencing di masjid, rasulullah bersabda: biarkanlah dia, dan guyur kencingnya dengan seember air

Imam Abu Dawud : 324

حَدَّثَنَا أَحْمَدُ بْنُ عَمْرِو بْنِ السَّرْحِ وَابْنُ عَبْدَةَ فِي آخَرِينَ وَهَذَا لَفْظُ ابْنِ عَبْدَةَ أَخْبَرَنَا سُفْيَانُ عَنْ الزُّهْرِيِّ عَنْ سَعِيدِ بْنِ الْمُسَيِّبِ عَنْ أَبِي هُرَيْرَةِأَنَّ أَعْرَابِيًّا دَخَلَ الْمَسْجِدَ وَرَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ جَالِسٌ فَصَلَّى قَالَ ابْنُ عَبْدَةَ رَكْعَتَيْنِ ثُمَّ قَالَ اللَّهُمَّ ارْحَمْنِي وَمُحَمَّدًا وَلَا تَرْحَمْ مَعَنَا أَحَدًا فَقَالَ النَّبِيُّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ لَقَدْ تَحَجَّرْتَ وَاسِعًا ثُمَّ لَمْ يَلْبَثْ أَنْ بَالَ فِي نَاحِيَةِ الْمَسْجِدِ فَأَسْرَعَ النَّاسُ إِلَيْهِ فَنَهَاهُمْ النَّبِيُّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ وَقَالَ إِنَّمَا بُعِثْتُمْ مُيَسِّرِينَ وَلَمْ تُبْعَثُوا مُعَسِّرِينَ صُبُّوا عَلَيْهِ سَجْلًا مِنْ مَاءٍ أَوْ قَالَ ذَنُوبًا مِنْ مَاءٍحَدَّثَنَا مُوسَى بْنُ إِسْمَعِيلَ حَدَّثَنَا جَرِيرٌ يَعْنِي ابْنَ حَازِمٍ قَالَ سَمِعْتُ عَبْدَ الْمَلِكِ يَعْنِي ابْنَ عُمَيْرٍ يُحَدِّثُ عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ مَعْقِلِ بْنِ مُقَرِّنٍ قَالَ صَلَّى أَعْرَابِيٌّ مَعَ النَّبِيِّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ بِهَذِهِ الْقِصَّةِ قَالَ فِيهِ وَقَالَ يَعْنِي النَّبِيَّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ خُذُوا مَا بَالَ عَلَيْهِ مِنْ التُّرَابِ فَأَلْقُوهُ وَأَهْرِيقُوا عَلَى مَكَانِهِ مَاءً قَالَ أَبُو دَاوُد وَهُوَ مُرْسَلٌ ابْنُ مَعْقِلٍ لَمْ يُدْرِكْ النَّبِيَّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ

हमसे [अहमद बिन अमरू बिन अस सरज] अऊर [इब्नू अब्दह] का दूसर कथाकारन से कहिन है, अऊर ई लफाज़ इब्न अब्दह ने हमसे [सुफयान] से [अज जुहरी] से [सैद बिन अल मुसैयब] से [अबू हुरैरा] से कहिन है कि एक बार एक बेडौइन अरब रहा जवन मस्जिद मा घुसा रहा, जबकि रसूलुल्लाह अलैह वल्लस नीचे, फिर व्यक्ति प्रार्थना किहिन, कहिन [इब्नू अब्दाह], दुइ रकात, फिर उ - बेडौइन - कहिन; हे अल्लाह हमरे अऊर मुहम्मद पर रहम करा, अऊर हमरे साथ केहू पर दया मत करा! त रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम कहिन: 'वास्तव मा आपने एक व्यापक बात का संकुचित कर दिहिन है'। फिर कुछ देर बाद ही ऊ व्यक्ति मस्जिद के कोने मा पेशाब किहिस। तौ लोग तुरंत ओनके ऊपर चिल्लाए, फिर पैगम्बर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ओनसे मना किहिन अऊर कहिन: 'वास्तव में तुमका काम आसान करै के लिए भेजा गा रहा, काम मुश्किल करै के लिए नाहीं भेजा गा रहा, पेशाब के ऊपर एक बाल्टी पानी डालौ!' हमसे कहिन है [मूसा बिन इस्माइल] हमसे कहिन हैं [जरीर बिन हाजिम] उ कहिन; हम [अब्दुल मलिक बिन उमैर] का सुने रहेन कि उ [अब्दुल्ला बिन मकिल बिन मुकरीन] से एक हदीस सुनावत रहे उ कहिन; एक बार एक बेडौइन अरब रहा जो पैगम्बर शल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के साथ नमाज पढ़ता था... जैसा कि हदीस में किस्सा है कहता है तब पैगम्बर शल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने कहा: 'जौन मिट्टी पर पेशाब किया है उससे धूल ले लो, फिर फेंक दो। यहिके बाद, वहि जगह पै पानी डारि द्या जहाँ आप पेशाब किहिन। अबू दाउद ने कहा; ई इब्न अकील का मुर्सल है, उ पैगम्बर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम से कभी नाहीं मिले।

Hadith Corroboration :

Imam Ahmad : 7467, 10129, 11639, 12248, 12515, 12889
Imam Bukhari : 212, 213, 214, 5566, 5663
Imam Muslim : 427, 428, 429
Imam Abu Dawud : 324
Imam Nasa'i : 53, 327, 328
Imam Ibnu Majah : 521, 522, 523
Imam Malik : 129
Imam Darimi : 733