हदीस
Bila buah yang telah dijual terserang hama, penjual tidak halal mengambil harta pembeli (wadh'ul jawa'ih)
Imam Nasa'i : 4451أَخْبَرَنَا إِبْرَاهِيمُ بْنُ الْحَسَنِ قَالَ حَدَّثَنَا حَجَّاجٌ قَالَ قَالَ ابْنُ جُرَيْجٍ أَخْبَرَنِي أَبُو الزُّبَيْرِ أَنَّهُ سَمِعَ جَابِرًا يَقُولُقَالَ رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ إِنْ بِعْتَ مِنْ أَخِيكَ ثَمَرًا فَأَصَابَتْهُ جَائِحَةٌ فَلَا يَحِلُّ لَكَ أَنْ تَأْخُذَ مِنْهُ شَيْئًا بِمَ تَأْخُذُ مَالَ أَخِيكَ بِغَيْرِ حَقٍّ
हमनी के [इब्राहिम बिन अल हसन] के जानकारी देके उ कहले कि; हमनी के [हज्जाज] के बतवले बाड़े, उ कहले; कहले बा कि; [इब्न जुरैज] के नाम से जानल जाला; हमरा [अबू अज जुबैर] के सूचित कइले बाड़न कि ऊ [जाबीर] के कहत सुनले बाड़न; रसुलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम कहले कि, 'अगर आप अपना भाई के फल बेचेनी अवुरी फल के आपदा से टकरा जाए त आपके एकरा में से कुछ लेवे के जायज नईखे, जवना के संगे आप अपना भाई के संपत्ति के बिना अधिकार के लेतानी?'