Hadith Representative
Allah adalah sang maha pengasih lagi maha penyayang
Imam Abu Dawud : 4122حَدَّثَنَا هَنَّادُ بْنُ السَّرِيِّ حَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ فُضَيْلٍ عَنْ الْمُخْتَارِ بْنِ فُلْفُلٍ قَالَ سَمِعْتُ أَنَسَ بْنَ مَالِكٍ يَقُولُأَغْفَى رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ إِغْفَاءَةً فَرَفَعَ رَأْسَهُ مُتَبَسِّمًا فَإِمَّا قَالَ لَهُمْ وَإِمَّا قَالُوا لَهُ يَا رَسُولَ اللَّهِ لِمَ ضَحِكْتَ فَقَالَ إِنَّهُ أُنْزِلَتْ عَلَيَّ آنِفًا سُورَةٌ فَقَرَأَ بِسْمِ اللَّهِ الرَّحْمَنِ الرَّحِيمِ{ إِنَّا أَعْطَيْنَاكَ الْكَوْثَرَ }حَتَّى خَتَمَهَا فَلَمَّا قَرَأَهَا قَالَ هَلْ تَدْرُونَ مَا الْكَوْثَرُ قَالُوا اللَّهُ وَرَسُولُهُ أَعْلَمُ قَالَ فَإِنَّهُ نَهْرٌ وَعَدَنِيهِ رَبِّي عَزَّ وَجَلَّ فِي الْجَنَّةِ وَعَلَيْهِ خَيْرٌ كَثِيرٌ عَلَيْهِ حَوْضٌ تَرِدُ عَلَيْهِ أُمَّتِي يَوْمَ الْقِيَامَةِ آنِيَتُهُ عَدَدُ الْكَوَاكِبِ
हमरा सब के [हन्नाद बिन अस साड़ी] कहलक अछि, हमरा सब के [मुहम्मद बिन फुदैल] के [अल मुख्तार बिन फुलफुल] स कहलक अछि ओ कहलनि; हम [अनस बिन मलिक] के कहैत सुनलहुँ, ‘रसुलुल्लाह शल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम किछु काल धरि नींद आबि गेलाह, तकर बाद ओ माथ उठौलनि आ मुस्कुरेलनि। -ओहि समय- ओ ओकरा सभसँ कहलक, वा ओ सभ ओकरा कहलक जे हे अल्लाह केर रसूलुल्लाह, अहाँ किएक हँसि रहल छी? ओ उत्तर देलनि: 'बस एकटा चिट्ठी हमरा लग उतरि गेल'। तखन ओ पढ़लनि : -अल्लाह, परम कृपालु, परम दयालु के नाम पर। सचमुच, हम अहाँ के बहुत आशीर्वाद देने छी...- श्लोक के अंत तक। जखन ओ पढ़ि क' समाप्त केलनि त' पुछलखिन: 'अहाँ केँ बुझल अछि जे अल कौतसर केर मतलब की होइत छैक?' सहाबा सब जवाब देलखिन, 'अल्लाह आ हुनकर रसूलुल्लाह बेसी जनैत छथि'। ओ कहलनि: 'ओ स्वर्ग मे नदी अछि जे हमर प्रभु हमरा सँ प्रतिज्ञा केने छलाह | हुनका मे बहुत नीक काज छनि। एहि मे एकटा पोखरि सेहो अछि जकर उपयोग हमर लोक कयामतक दिन पीबय लेल करैत अछि | काँच आकाश मे एकटा संख्या मे तारा अछि'।