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इस्लाम अल-हक: कुरआन आ हदीस
(सच्चा इस्लाम)



- Minuman Haramnya khamr Jauhilah segala macam minuman yang telah berfermentasi

हदीस :
हदीस : 1
हदीस
Jauhilah segala macam minuman yang telah berfermentasi
Imam Nasa'i : 5607

أَخْبَرَنَا الْحَسَنُ بْنُ إِسْمَعِيلَ بْنِ سُلَيْمَانَ قَالَ أَنْبَأَنَا يَحْيَى بْنُ يَمَانٍ عَنْ سُفْيَانَ عَنْ مَنْصُورٍ عَنْ خَالِدِ بْنِ سَعْدٍ عَنْ أَبِي مَسْعُودٍ قَالَ عَطِشَ النَّبِيُّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ حَوْلَ الْكَعْبَةِ فَاسْتَسْقَى فَأُتِيَ بِنَبِيذٍ مِنْ السِّقَايَةِ فَشَمَّهُ فَقَطَّبَ فَقَالَ عَلَيَّ بِذَنُوبٍ مِنْ زَمْزَمَ فَصَبَّ عَلَيْهِ ثُمَّ شَرِبَ فَقَالَ رَجُلٌ أَحَرَامٌ هُوَ يَا رَسُولَ اللَّهِ قَالَ لَا وَهَذَا خَبَرٌ ضَعِيفٌ لِأَنَّ يَحْيَى بْنَ يَمَانٍ انْفَرَدَ بِهِ دُونَ أَصْحَابِ سُفْيَانَ وَيَحْيَى بْنُ يَمَانٍ لَا يُحْتَجُّ بِحَدِيثِهِ لِسُوءِ حِفْظِهِ وَكَثْرَةِ خَطَئِهِ

हमनी के [अल हसन बिन इस्माइल बिन सुलेमान] के जानकारी देके उ कहले कि; हमनी के [याह्या बिन यमन] के रिपोर्ट कइले बाड़न [सुफयान] से [मंसूर] से [खालिद बिन स’द] से [अबू मसूद] से ऊ कहले बाड़न कि ‘नबी सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के काबा के लगे रहला पर प्यास लागल रहे, एहसे ऊ पीये के पानी मंगले बाड़न. उनुका के पीये के पानी के बर्तन से नबिज के रस भी दिहल गईल, ओकरा बाद उ बर्तन के चुम्मा लेले अवुरी भौंह चकोरले। कहलस- ‘जमज़म के एक लोटा पानी दे दऽ, फेर रस में डाल के पी लिहलस। एकरा बाद एगो आदमी पूछलस कि हे अल्लाह के रसूलुल्लाह, का भावना हरम ह? ऊ जवाब दिहले: 'ना'। इ एगो कमजोर हदीस ह। काहे कि याह्या बिन यमन खुदे सुफियान के दोस्तन के बिना बतवले बाड़न. आ याह्या बिन यमन के हदीस के सबूत का रूप में इस्तेमाल ना कइल जा सके काहे कि उनुकर रटला खराब रहे आ उनुका में बहुते गलती भइल रहे.

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