Imam Ahmad : 23610
حَدَّثَنَا مُؤَمَّلٌ حَدَّثَنَا حَمَّادٌ حَدَّثَنَا إِسْحَاقُ بْنُ سُوَيْدٍ عَنْ يَحْيَى بْنِ يَعْمَرَ عَنْ عَائِشَةَ قَالَتْ كَانَتْ امْرَأَةُ عُثْمَانَ بْنِ مَظْعُونٍ تَخْتَضِبُ وَتَتَطَيَّبُ فَتَرَكَتْهُ فَدَخَلَتْ عَلَيَّ فَقُلْتُ لَهَا أَمُشْهِدٌ أَمْ مُغِيبٌ فَقَالَتْ مُشْهِدٌ كَمُغِيبٍ قُلْتُ لَهَا مَا لَكِ قَالَتْ عُثْمَانُ لَا يُرِيدُ الدُّنْيَا وَلَا يُرِيدُ النِّسَاءَ قَالَتْ عَائِشَةُ فَدَخَلَ عَلَيَّ رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ فَأَخْبَرْتُهُ بِذَلِكَ فَلَقِيَ عُثْمَانَ فَقَالَ يَا عُثْمَانُ أَتُؤْمِنُ بِمَا نُؤْمِنُ بِهِ قَالَ نَعَمْ يَا رَسُولَ اللَّهِ قَالَ فَأُسْوَةٌ مَا لَكَ بِنَا حَدَّثَنَا مُؤَمَّلٌ قَالَ حَدَّثَنَا حَمَّادٌ قَالَ حَدَّثَنَا إِسْحَاقُ بْنُ سُوَيْدٍ عَنْ أَبِي فَاخِتَةَ عَنْ عَائِشَةَ بِمِثْلِهِ وَزَادَ فِيهِ أَنَّ النَّبِيَّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ قَالَ لِعُثْمَانَ أَتُؤْمِنُ بِمَا نُؤْمِنُ بِهِ قَالَ نَعَمْ يَا رَسُولَ اللَّهِ قَالَ فَاصْنَعْ كَمَا نَصْنَعُ
हमसे [मुअम्मल] बताइस है, हमसे कहिस है [हम्मद] हमसे [इशाक बिन सुएद] बताइस है, [यह्या बिन यामर] से, [ऐस्याह] से रादलियाल्लाहुअन्हू ने कहा; उथमान बिन मझौन के मेहरारू का मेहंदी अऊर इत्र पहिनब पसंद रहा अऊर फिर उ ओका छोड़ दिहिस, फिर उ हमसे मिले आई अऊर हम ओसे कहेन; 'उस्मान तोहका जानत है या नाहीं जानत है?' उ कहिन; 'जानत लेकिन केहू के तरह जे नाहीं जानत'। हम ओसे कहेन; 'तुम्हरे साथ का बुराई है?' उ कहिन; 'उथमान न दुनिया चाहत रहें अऊर न ही उ औरत चाहत रहें'। आयशा कहिन; ओकरे बाद रसूलुल्लाह शल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम। मुझसे मिलने आए और मैंने उनसे यह बात बताई, आखिरकार अल्लाह के रसूल उथमान से मिले और उनसे कहिन: 'हे उस्मान, का तुम उहय मा विश्वास करत हव जवन मैं उनसे मानत हउँ?' उ कहिन; 'बेशक, हे अल्लाह के रसूल!', रसूलुल्लाह तुरंत कहिन: 'तब हमका अपने लिए एक मिसाल बनावा'। -मतलब पैगम्बर के उदाहरण का अनुसरण करत, जे अन्य चीजन के अलावा औरतन का अधिकार दिहिन-। हमसे [मुअम्मल] कहिके उ कहिन; हमसे [हम्मद] कहिन है, उ कहिन; हमका [इशाक बिन सुवैद] से [अबू फखीता] से [ऐस्याह] से अइसने बतावा है, अऊर वहिमा एक जोड़ है कि पैगम्बर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम उथमान से कहिन; का आप वहिमा विश्वास करत हई जेहिमा हम विश्वास करत हई? उ जवाब दिहिन; बेशक, हे अल्लाह के रसूल, उ कहिन; तौ हमरे जइसन करौ।