Imam Ahmad : 22864
حَدَّثَنَا الْحَسَنُ بْنُ سَوَّارٍ أَبُو الْعَلَاءِ قَالَ حَدَّثَنَا إِسْمَاعِيلُ بْنُ عَيَّاشٍ عَنْ سُلَيْمَانَ بْنِ سُلَيْمٍ عَنْ يَحْيَى بْنِ جَابِرٍ عَنْ عَوْفِ بْنِ مَالِكٍ قَالَ سَمِعْتُ رَسُولَ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ يَقُولُ لَنْ يَجْمَعَ اللَّهُ عَزَّ وَجَلَّ عَلَى هَذِهِ الْأُمَّةِ سَيْفَيْنِ سَيْفًا مِنْهَا وَسَيْفًا مِنْ عَدُوِّهَا
हमसे कहा है [अल हसन बियान सववर अबू अल अला`] ने कहा: हमसे कहा है [इस्माइल बिन अय्यासी] से [सुलेमान बिन सुलेम] से [यह्या बिन जाबीर] से ['औफ बिन मलिक] ने कहा: मैंने सुना है कि अल्लाह के रसूल सल्लाहु अलैहि वल्लाह वल्लल्लाह वल्लल्लाह उन्हल्लाह उल्लाह दुई न कहेंगे ई उम्मत के लिए तलवारें, एक तलवार ओकरे से अऊर दूसर तलवार ओकरे दुश्मन से'।