Sesungguhnya setiap Nabi memiliki Hawariy (pembela yang setia), dan hawariyku adalah Az Zubair
Imam Bukhari : 6719
حَدَّثَنَا عَلِيُّ بْنُ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ الْمَدِينِيِّ حَدَّثَنَا سُفْيَانُ حَدَّثَنَا ابْنُ الْمُنْكَدِرِ قَالَ سَمِعْتُ جَابِرَ بْنَ عَبْدِ اللَّهِ قَالَنَدَبَ النَّبِيُّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ النَّاسَ يَوْمَ الْخَنْدَقِ فَانْتَدَبَ الزُّبَيْرُ ثُمَّ نَدَبَهُمْ فَانْتَدَبَ الزُّبَيْرُ ثُمَّ نَدَبَهُمْ فَانْتَدَبَ الزُّبَيْرُ ثَلَاثًا فَقَالَ لِكُلِّ نَبِيٍّ حَوَارِيٌّ وَحَوَارِيَّ الزُّبَيْرُقَالَ سُفْيَانُ حَفِظْتُهُ مِنْ ابْنِ الْمُنْكَدِرِ وَقَالَ لَهُ أَيُّوبُ يَا أَبَا بَكْرٍ حَدِّثْهُمْ عَنْ جَابِرٍ فَإِنَّ الْقَوْمَ يُعْجِبُهُمْ أَنْ تُحَدِّثَهُمْ عَنْ جَابِرٍ فَقَالَ فِي ذَلِكَ الْمَجْلِسِ سَمِعْتُ جَابِرًا فَتَابَعَ بَيْنَ أَحَادِيثَ سَمِعْتُ جَابِرًا قُلْتُ لِسُفْيَانَ فَإِنَّ الثَّوْرِيَّ يَقُولُ يَوْمَ قُرَيْظَةَ فَقَالَ كَذَا حَفِظْتُهُ مِنْهُ كَمَا أَنَّكَ جَالِسٌ يَوْمَ الْخَنْدَقِ قَالَ سُفْيَانُ هُوَ يَوْمٌ وَاحِدٌ وَتَبَسَّمَ سُفْيَانُ
हमसे कहिन [अली बिन अब्दुल्लाह बिन अल मदीनी] हमसे कहिन हैं [सुफयान] हमसे कहिन हैं [इब्नुल मुनकादिर] कहिन, 'मैंने [जाबिर बिन अब्दुल्लाह] का कहत सुना है, 'खंडक युद्ध मा रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने एक सुझाव दिहिन। जुबैर तुरंत ई सिफारिश का अंजाम दिहिन। प्रेरित ने ओनका एक अउर सुझाव दिहिन, अऊर जुबैर अनायास ही ई सिफारिश का अंजाम दिहिन। पैगम्बर ने एक अउर सुझाव दिहिन, अऊर फिर से जुबैर द्वारा तुरंत स्वागत कीन गा -उ तीन बार दोहराइन-। तब नबी ने कहा: 'हर नबी का एक रक्षक होता है, और मेरा रक्षक जुबैर है'। सुफियान कहिन, 'हम इब्नुल मुनकादिर से रट लिहे रहेन,' अय्यूब तब उनसे कहिन -सुफयान-, 'हे अबू बकर, जाबीर से आवै वालेन का बतावा, काहे से कि अगर तुम जाबीर से बतावा तौ उ लोग खुशी महसूस करत हैं! तब सुफयान ने सभा में कहा 'मैंने जाबीर सुना - फिर उन्होंने हदीसों को मजबूत किया -, 'मैंने जाबीर सुना'। हम सुफयान से पूछेन, ''अत्स त्सौरी कहिन कि ई कुरैजाह युद्ध के दिन भवा रहा, फिर उ कहिन, 'त हम जाबिर से रट लिहे रहेन, जइसे कि तुम खंडक युद्ध मा बैठे रहेन'। सुफियान बोले- 'एकै दिन मा सब एक साथ भवा' तब सुफियान मुस्कुराए।