Imam Ahmad : 1774
و قَالَ لَعَنَ اللَّهُ فُلَانًا عَمَدُوا إِلَى أَعْظَمِ أَيَّامِ الْحَجِّ فَمَحَوْا زِينَتَهُ وَإِنَّمَا زِينَةُ الْحَجِّ التَّلْبِيَةُ
अबहियों उहै संचरण मार्ग से जात अहै जइसे [इब्न अब्बास] से पिछला हदीस मा कहा गा रहा; 'अल्लाह फुलान का सराप दे। पवित्र तीर्थयात्रा के मौसम मा जानबूझ के जात रहें अऊर आपन सजावट हटा देत रहें। हज का सिंगार तालबिया है'।