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ISLAM AL-HAQ: QURAN & HADITH
(The True Islam)



Imam Bukhari : 3892

حَدَّثَنَا أَبُو الْوَلِيدِ حَدَّثَنَا شُعْبَةُ ح و حَدَّثَنِي عَبْدُ اللَّهِ بْنُ مُحَمَّدٍ حَدَّثَنَا وَهْبٌ حَدَّثَنَا شُعْبَةُ عَنْ حُمَيْدِ بْنِ هِلَالٍ عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ مُغَفَّلٍ رَضِيَ اللَّهُ عَنْهُ قَالَ كُنَّا مُحَاصِرِي خَيْبَرَ فَرَمَى إِنْسَانٌ بِجِرَابٍ فِيهِ شَحْمٌ فَنَزَوْتُ لِآخُذَهُ فَالْتَفَتُّ فَإِذَا النَّبِيُّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ فَاسْتَحْيَيْتُ

हमसे कहिन [अबू अल वालिद] हमसे कहिन हैं [स्यबाह]। -अऊर ई दूसर मार्ग से सुनावा गा है- मोका बतावा है [अब्दुल्ला बिन मुहम्मद] हमसे कहिस है [वाहब] हमका [स्युबाह] से [हुमैद बिन हिलाल] से [अब्दुल्ला बिन मुगफ्फल रदलियाअल्लाहू अनहू] से कहिस है; 'जब हम खैबर किला का घेराबंदी करत रहेन, तौ केहू चरबी से भरा चमड़ा का पात्र फेंक दिहिस, तौ हम ओका उठावै खातिर कूदि परेन। मैं पलट के देखिन, पता चला कि पैगम्बर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम वहिमा रहे तौ मैं उनसे शर्मिंदा होइ गय'।