Mandi janabat, mulai dengan mencuci kedua telapak tangan, berwudhu kemudian menyiramkan air ke atas kepalanya sebanyak tiga kali, kemudian mengalirkan air ke seluruh kulitnya
Imam Abu Dawud : 214
حَدَّثَنَا حُسَيْنُ بْنُ عِيسَى الْخُرَاسَانِيُّ حَدَّثَنَا ابْنُ أَبِي فُدَيْكٍ عَنْ ابْنِ أَبِي ذِئْبٍ عَنْ شُعْبَةَ قَالَ إِنَّ ابْنَ عَبَّاسٍ كَانَ إِذَا اغْتَسَلَ مِنْ الْجَنَابَةِ يُفْرِغُ بِيَدِهِ الْيُمْنَى عَلَى يَدِهِ الْيُسْرَى سَبْعَ مِرَارٍ ثُمَّ يَغْسِلُ فَرْجَهُ فَنَسِيَ مَرَّةً كَمْ أَفْرَغَ فَسَأَلَنِي كَمْ أَفْرَغْتُ فَقُلْتُ لَا أَدْرِي فَقَالَ لَا أُمَّ لَكَ وَمَا يَمْنَعُكَ أَنْ تَدْرِيَ ثُمَّ يَتَوَضَّأُ وُضُوءَهُ لِلصَّلَاةِ ثُمَّ يُفِيضُ عَلَى جِلْدِهِ الْمَاءَ ثُمَّ يَقُولُ هَكَذَا كَانَ رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ يَتَطَهَّرُ
हमसे कहिन है [हुसैन बिन ईसा अल-खुरासानी] हमसे [इब्न अबी फुदैक] से [इब्न अबी दज़ी`ब] से [स्युबाह] कहिन हैं; दरअसल, [इब्न अब्बास] जब जुनुब नहवावत हैं, तौ उ अपने बाएं हाथ पर सात बार अपने दाहिने हाथ से पानी डारत हैं फिर अपने जननांगन का धोवत हैं। एक समय ऊ भूल गवा कि ऊ ईका केतना बार धोइस रहा, तौ ऊ मोसे पूछिस; हम ईका केतना बार धोये हई? हम जवाब दिहेन: हम नाहीं जानित! ऊ कहत है; का रोकत है तोहका जानय से? फिर नमाज के लिए वजू करते हैं वइसने वजू किहिन, फिर शरीर पर पानी डारिन, फिर कहिन; यहि तरह से पैगम्बर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम खुद का शुद्ध किहिन।