Telaga putih baunya wangi
Imam Bukhari : 3776
حَدَّثَنِي عَمْرُو بْنُ خَالِدٍ حَدَّثَنَا اللَّيْثُ عَنْ يَزِيدَ بْنِ أَبِي حَبِيبٍ عَنْ أَبِي الْخَيْرِ عَنْ عُقْبَةَأَنَّ النَّبِيَّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ خَرَجَ يَوْمًا فَصَلَّى عَلَى أَهْلِ أُحُدٍ صَلَاتَهُ عَلَى الْمَيِّتِ ثُمَّ انْصَرَفَ إِلَى الْمِنْبَرِ فَقَالَ إِنِّي فَرَطٌ لَكُمْ وَأَنَا شَهِيدٌ عَلَيْكُمْ وَإِنِّي لَأَنْظُرُ إِلَى حَوْضِي الْآنَ وَإِنِّي أُعْطِيتُ مَفَاتِيحَ خَزَائِنِ الْأَرْضِ أَوْ مَفَاتِيحَ الْأَرْضِ وَإِنِّي وَاللَّهِ مَا أَخَافُ عَلَيْكُمْ أَنْ تُشْرِكُوا بَعْدِي وَلَكِنِّي أَخَافُ عَلَيْكُمْ أَنْ تَنَافَسُوا فِيهَا
ई मोका बतावा गा है [अमरू बिन खालिद] हमका [अल लैट्स] से [यजीद बिन अबू हबीब] से [अबू अल खैर] से ['उकबा] से बताइन है कि एक दिन पैगम्बर सल्लल्लाह अलैहि वसल्लम बाहर आए अऊर उहुद के लड़ाई के शहीदन के लिए प्रार्थना किहिन, अर्थात् नमाज, जेकरे बाद उ पल्पिट पर गें अऊर कहिन: आपसे आगे अऊर मैं आपके लिए गवाह हउँ, कि मैं, अल्लाह के कसम, अब अपनी झील का देखत हउँ। -स्वर्ग मा- अऊर वास्तव मा मोका धरती के खजाना -या धरती के धन- के चाबी दीन गै अहै अऊर मैं, अल्लाह के कसम, अब डरत नाहीं हउँ कि तुम मोर मउत के बाद शर्क करिहौ, लेकिन हमका जवन चीज से जादा डर लागत है ऊ ई है कि तुम एक दूसरे पर लड़ब - दुनिया के खजाना-'।