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ISLAM AL-HAQ: QURAN & HADITH
(The True Islam)



Imam Bukhari : 3422

حَدَّثَنَا مُوسَى بْنُ إِسْمَاعِيلَ حَدَّثَنَا أَبُو عَوَانَةَ حَدَّثَنَا عُثْمَانُ هُوَ ابْنُ مَوْهَبٍ قَالَجَاءَ رَجُلٌ مِنْ أَهْلِ مِصْرَ حَجَّ الْبَيْتَ فَرَأَى قَوْمًا جُلُوسًا فَقَالَ مَنْ هَؤُلَاءِ الْقَوْمُ فَقَالُوا هَؤُلَاءِ قُرَيْشٌ قَالَ فَمَنْ الشَّيْخُ فِيهِمْ قَالُوا عَبْدُ اللَّهِ بْنُ عُمَرَ قَالَ يَا ابْنَ عُمَرَ إِنِّي سَائِلُكَ عَنْ شَيْءٍ فَحَدِّثْنِي هَلْ تَعْلَمُ أَنَّ عُثْمَانَ فَرَّ يَوْمَ أُحُدٍ قَالَ نَعَمْ قَالَ تَعْلَمُ أَنَّهُ تَغَيَّبَ عَنْ بَدْرٍ وَلَمْ يَشْهَدْ قَالَ نَعَمْ قَالَ تَعْلَمُ أَنَّهُ تَغَيَّبَ عَنْ بَيْعَةِ الرِّضْوَانِ فَلَمْ يَشْهَدْهَا قَالَ نَعَمْ قَالَ اللَّهُ أَكْبَرُ قَالَ ابْنُ عُمَرَ تَعَالَ أُبَيِّنْ لَكَ أَمَّا فِرَارُهُ يَوْمَ أُحُدٍ فَأَشْهَدُ أَنَّ اللَّهَ عَفَا عَنْهُ وَغَفَرَ لَهُ وَأَمَّا تَغَيُّبُهُ عَنْ بَدْرٍ فَإِنَّهُ كَانَتْ تَحْتَهُ بِنْتُ رَسُولِ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ وَكَانَتْ مَرِيضَةً فَقَالَ لَهُ رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ إِنَّ لَكَ أَجْرَ رَجُلٍ مِمَّنْ شَهِدَ بَدْرًا وَسَهْمَهُ وَأَمَّا تَغَيُّبُهُ عَنْ بَيْعَةِ الرِّضْوَانِ فَلَوْ كَانَ أَحَدٌ أَعَزَّ بِبَطْنِ مَكَّةَ مِنْ عُثْمَانَ لَبَعَثَهُ مَكَانَهُ فَبَعَثَ رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ عُثْمَانَ وَكَانَتْ بَيْعَةُ الرِّضْوَانِ بَعْدَ مَا ذَهَبَ عُثْمَانُ إِلَى مَكَّةَ فَقَالَ رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ بِيَدِهِ الْيُمْنَى هَذِهِ يَدُ عُثْمَانَ فَضَرَبَ بِهَا عَلَى يَدِهِ فَقَالَ هَذِهِ لِعُثْمَانَ فَقَالَ لَهُ ابْنُ عُمَرَ اذْهَبْ بِهَا الْآنَ مَعَكَ

हमसे कहिस है [मूसा बिन इस्माइल] हमसे कहिस है [अबू अवाना] हमसे कहिस है [उथमान। उ इब्न मौहब हैं] कहिन; 'मिस्र के आबादी मा से एक मनई हज यात्रा करत रहा फिर उ एक समूह मा बइठे लोगन के एक समूह का देखिस अऊर पूछिस; 'उ लोग कौन हैं?'। लोग जवाब दिहिन; 'वे कुरैश जनजाति हैं'। मिस्रवासी फिर से पूछिस; 'उनके बड़का कौन हैं?'। उइ जवाब दिहिन; ' [अब्दुल्ला बिन उमर] '। व्यक्ति कहिस; 'हे इब्न उमर, मैं तोहसे कुछ पूछत हउँ तौ मोका समझावा; 'का तुम जानत हौ कि उथमान उहुद के लड़ाई से भाग गा रहा?'। उ -इब्नू उमर- जवाब दिहिन; 'हाँ'। ऊ मनई फिर से पूछिस; 'का तुमका ई भी पता है कि ऊ मौजूद नाहीं रहे अऊर बदर के लड़ाई मा भाग नाहीं लिहिन?'। उ -इब्नू उमर- जवाब दिहिन; 'हाँ'। ऊ मनई फिर से पूछिस; 'का तोहका ई भी पता रहा कि ऊ मौजूद नाहीं रहे अउर बैअतुर रिदलवान से जुड़े नाहीं रहे?'। उ -इब्नू उमर- जवाब दिहिन; 'हाँ'। व्यक्ति कहिस; 'अल्लाह सबसे बड़ा है'। इब्न उमर कहिन; 'कमरी, हम तोहका सब समझाय दिहे रहेन। उहुद के लड़ाई मा उथमान के भागब, मैं सचमुच गवाही देत ​​हउँ कि अल्लाह ओनका माफ अऊर माफ कइ दिहिन हैं। जबकि उ बदर के लड़ाई मा भाग नाहीं लिहिन, उ समय उ रसूलल्लाह शल्लल्लाह अलैहि वसल्लम के बिटिया के देखभाल करत रहें जवन बीमार रही अऊर रसूलल्लाह शल्लल्लाह अलैहि वसल्लम ओनसे कहिन: 'तुमका इनाम मिली अऊर बदर के लड़ाई मा भाग लेवे वालेन के तरह ही हिस्सा मिली'। इ बीच, जब बैअतुर रिदलवान के समय उ मौजूद नाइ रहे, तौ अगर मक्का शहर मा उस्मान से कुलीन केहू अउर होत, तौ उ ओनका शल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम का ओनके जगह भेजत। हालांकि, रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम उथमान का भेजिन। अउर त अउर, बैअतुर रिदलवान घटना वास्तव मा उस्मान के मक्का जाय के बाद भै रही, जेहि समय रसूलुल्लाह सल्लल्लाह अलैहि वसल्लम अपने दाहिने हाथ के हथेली खोल के कहिन: 'ई उथमान का हाथ है' फिर उ आपन दाहिना हथेली का बाईं हथेली से जोड़िन अऊर कहिन: 'ई उस्मान के लिए है'। तब इब्न उमर ने उस आदमी से कहा; 'अब स्पष्टीकरण के साथ जा।'