Imam Nasa'i : 1976
أَخْبَرَنَا إِسْحَقُ بْنُ إِبْرَاهِيمَ قَالَ أَنْبَأَنَا وَكِيعٌ قَالَ حَدَّثَنَا سَعِيدُ بْنُ السَّائِبِ عَنْ رَجُلٍ يُقَالُ لَهُ عُبَيْدُ اللَّهِ بْنُ مُعَيَّةَ قَالَأُصِيبَ رَجُلَانِ مِنْ الْمُسْلِمِينَ يَوْمَ الطَّائِفِ فَحُمِلَا إِلَى رَسُولِ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ فَأَمَرَ أَنْ يُدْفَنَا حَيْثُ أُصِيبَا وَكَانَ ابْنُ مُعَيَّةَ وُلِدَ عَلَى عَهْدِ رَسُولِ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ
हमका [इशाक बिन इब्राहिम] सूचित किहिन हैं, उ कहिन; हमका उपदेश दिहिस है [वाकी'] उ कहिन; हमका [सैद बिन अस सायब] ['उबैदुल्लाह बिन मुएयाह] नामक एक मनई से बताइस है, उ कहिन; 'मुसलमानन मा से दुई ताइफ युद्ध मा मर गए, फिर ओन दुइनौ का पैगम्बर शल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के पास लाया गा, उ आदेश दिहिन कि ओनका मरे के तरह दफनावा जाय, अऊर इब्न मुएया रसूलुल्लाह शल्लल्लाह अलैहि वसल्लम के समय पैदा भए'।