Rukun shalat: pembuka shalat adalah bersuci, mulai dengan takbiratul ihram dan diakhiri dengan salam
Imam Abu Dawud : 56
حَدَّثَنَا عُثْمَانُ بْنُ أَبِي شَيْبَةَ حَدَّثَنَا وَكِيعٌ عَنْ سُفْيَانَ عَنْ ابْنِ عَقِيلٍ عَنْ مُحَمَّدِ ابْنِ الْحَنَفِيَّةِ عَنْ عَلِيٍّ رَضِيَ اللَّهُ عَنْهُ قَالَقَالَ رَسُولُ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ مِفْتَاحُ الصَّلَاةِ الطُّهُورُ وَتَحْرِيمُهَا التَّكْبِيرُ وَتَحْلِيلُهَا التَّسْلِيمُ
हमसे कहिस है [उस्मान बिन अबी स्याबा] हमसे [वाकी'] से [सुफियान] से [इब्न 'अकील] से [मुहम्मद बिन अल हनफिया] से [अली रदलियाअल्लाहु अन्हू] से कहिस है; रसूलुल्लाह सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने कहा: 'नमाज के कुंजी शुद्धिकरण है, जवन ओका मना करत है - नमाज के बाहर सब शब्द अऊर हरकत - तकबीर है, अऊर जवन ओका फिर से हल करत है उ है नमस्कार'।