प्रतिनिधि हदीस
इमाम बुखारी : 6297
حَدَّثَنَا إِسْمَاعِيلُ حَدَّثَنِي مَالِكُ بْنُ أَنَسٍ عَنْ نَافِعٍ مَوْلَى عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عُمَرَ عَنْ عَبْدِ اللَّهِ بْنِ عُمَرَ رَضِيَ اللَّهُ عَنْهُمَاأَنَّ رَسُولَ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ قَطَعَ فِي مِجَنٍّ ثَمَنُهُ ثَلَاثَةُ دَرَاهِمَتَابَعَهُ مُحَمَّدُ بْنُ إِسْحَاقَ وَقَالَ اللَّيْثُ حَدَّثَنِي نَافِعٌ قِيمَتُهُ
हमें बताया है [इस्माईल] ने मुझे [मलिक बिन अनस] [नफी' मौला अब्दुल्लाह बिन उमर] से [अब्दुल्ला बिन उमर] रदलिअल्लाहु अन्हुमा से बताया है; पैगंबर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने एक चोर का हाथ काट दिया क्योंकि उसने तीन दिरहम की ढाल चुराई थी। इस हदीस को [मुहम्मद बिन इसहाक] और [अल लेट] ने यह कहकर पुष्ट किया है; मुझे [नफी'] ढाल का मूल्य बताया है।