Hadith Representative
Jika dua orang muslim saling menghunus pedang, maka pembunuh dan yang terbunuh sama-sama masuk neraka
Imam Abu Dawud : 3723حَدَّثَنَا أَبُو كَامِلٍ حَدَّثَنَا حَمَّادُ بْنُ زَيْدٍ عَنْ أَيُّوبَ وَيُونُسَ عَنْ الْحَسَنِ عَنْ الْأَحْنَفِ بْنِ قَيْسٍ قَالَخَرَجْتُ وَأَنَا أُرِيدُ يَعْنِي فِي الْقِتَالِ فَلَقِيَنِي أَبُو بَكْرَةَ فَقَالَ ارْجِعْ فَإِنِّي سَمِعْتُ رَسُولَ اللَّهِ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ يَقُولُ إِذَا تَوَاجَهَ الْمُسْلِمَانِ بِسَيْفَيْهِمَا فَالْقَاتِلُ وَالْمَقْتُولُ فِي النَّارِ قَالَ يَا رَسُولَ اللَّهِ هَذَا الْقَاتِلُ فَمَا بَالُ الْمَقْتُولِ قَالَ إِنَّهُ أَرَادَ قَتْلَ صَاحِبِهِحَدَّثَنَا مُحَمَّدُ بْنُ الْمُتَوَكِّلِ الْعَسْقَلَانِيُّ حَدَّثَنَا عَبْدُ الرَّزَّاقِ حَدَّثَنَا مَعْمَرٌ عَنْ أَيُّوبَ عَنْ الْحَسَنِ بِإِسْنَادِهِ وَمَعْنَاهُ مُخْتَصَرًا
सानु दस्सेया है [अबू कामिल] ने कहा, सानु [हम्मद बिन जैद] [अय्यूब] से और [यूनुस] से [अल हसन] से [अल अहनाफ बिन कैस] से बताया है, उसने कहा, 'जदूं मैं बाहर निकलया -यानी युद्ध के लिए-, [अबू बकरह] ने मेरे से मिले और कहा, 'घर वापस आओ! सचमुच मैं अल्लाह दे रसूलुल्लाह (सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम) गी आखदे होई सुनेआ हा जे जेकर दो मुसलमान खिच्ची दी तलवारें कन्नै इक-दुए दा सामना करदे न तां मारने आह्ला ते मारने आह्ला दोनों गै नरक च जांगन। उ'नें - कथानक - ने आखेआ जे जेकर मारने आह्ला माह्नू कुदरती तौर उप्पर नरक च चली जंदा ऐ, पर जिस माह्नू गी मारी दित्ता गेआ हा, उंदा केह् हाल ऐ?' उ'नें आखेआ: 'किजोकी ओह् बी अपने भ्राऽ गी मारना चांह्दा हा'। सानु दस्सेया है [मुहम्मद इब्नुल मुतवक्किल अल असकलानी] ने कहा, सानु दस्सेया है [अब्दुर्राजाक] ने कहा, सानु [मा'मर] गी [अय्यूब] कोला [अल हसन] कोला अपने सनाद ते अर्थ कन्ने संक्षेप च दस्सेया ऐ।