प्रतिनिधि हदीस
इमाम बुखारी : 1581
حَدَّثَنَا أَبُو نُعَيْمٍ حَدَّثَنَا أَفْلَحُ عَنْ الْقَاسِمِ عَنْ عَائِشَةَ رَضِيَ اللَّهُ عَنْهَا قَالَتْفَتَلْتُ قَلَائِدَ بُدْنِ النَّبِيِّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ بِيَدَيَّ ثُمَّ قَلَّدَهَا وَأَشْعَرَهَا وَأَهْدَاهَا فَمَا حَرُمَ عَلَيْهِ شَيْءٌ كَانَ أُحِلَّ لَهُ
हमें [अबू नुआइम] ने [अफला] ने [अल कासिम] से ['आइस्या रदलिअल्लाहु अन्हा] से वर्णित किया है; "मैंने अपने हाथों से पैगंबर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के बलिदान के जानवर को एक हार बांधा, फिर उन्होंने इसे बांधा, उस पर निशान लगाया और उसे ज़बह कर दिया। फिर उसके बाद जो कुछ भी हराम था वह उनके लिए हलाल हो गया।"
समर्थक हदीस :
इमाम अहमद : 22893, 22955, 23352, 23418, 23462, 23569, 23808, 24241, 24323, 24341, 24389, 24398, 24405, 24462, 24554, 24594, 24648, 24700, 24816, 25058
इमाम बुखारी : 1581, 1584, 1585, 5140
इमाम मुस्लिम : 2332, 2333, 2340, 2341
इमाम अबू दाऊद : 1494
इमाम तिर्मिदज़ी : 832, 833
इमाम नसाई : 2726, 2727, 2733, 2734, 2735, 2738, 2739, 2743, 2744, 2745, 2747
इमाम मलिक : 663
इमाम दरिमी : 1855