प्रतिनिधि हदीस
इमाम इब्नु माजा : 1371
حَدَّثَنَا أَبُو بَكْرِ بْنُ أَبِي شَيْبَةَ حَدَّثَنَا شَبَابَةُ حَدَّثَنَا شُعْبَةُ عَنْ يَزِيدَ الرِّشْكِ عَنْ مُعَاذَةَ الْعَدَوِيَّةِ قَالَتْ سَأَلْتُ عَائِشَةَأَكَانَ النَّبِيُّ صَلَّى اللَّهُ عَلَيْهِ وَسَلَّمَ يُصَلِّي الضُّحَى قَالَتْ نَعَمْ أَرْبَعًا وَيَزِيدُ مَا شَاءَ اللَّهُ
हमें बताया है [अबू बक्र बिन अबू सय्यबा] ने कहा, हमें बताया है [सयबाह] ने कहा, हमें बताया है [स्यू'बा] ने [यज़ीद अर रिस्क] से [मुअदज़ा अल 'अदाविया] से उन्होंने कहा, "मैंने ['अइस्या] से पूछा; "क्या पैगंबर सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने पहली प्रार्थना की? उन्होंने उत्तर दिया: "हाँ, चार रकाअत। उन्होंने इसे अल्लाह की इच्छा के अनुसार जोड़ा।"