Imam Nasa'i : 5661
أَخْبَرَنَا إِسْحَقُ بْنُ إِبْرَاهِيمَ قَالَ أَنْبَأَنَا جَرِيرٌ عَنْ ابْنِ شُبْرُمَةَ قَالَقَالَ طَلْحَةُ لِأَهْلِ الْكُوفَةِ فِي النَّبِيذِ فِتْنَةٌ يَرْبُو فِيهَا الصَّغِيرُ وَيَهْرَمُ فِيهَا الْكَبِيرُ قَالَ وَكَانَ إِذَا كَانَ فِيهِمْ عُرْسٌ كَانَ طَلْحَةُ وَزُبَيْدٌ يَسْقِيَانِ اللَّبَنَ وَالْعَسَلَ فَقِيلَ لِطَلْحَةَ أَلَا تَسْقِيهِمُ النَّبِيذَ قَالَ إِنِّي أَكْرَهُ أَنْ يَسْكَرَ مُسْلِمٍ فِي سَبَبِي
हमका [इशाक बिन इब्राहिम] सूचित किहिन हैं, उ कहिन; हमका [जरीर] से [इब्न स्यूब्रुमा] से रिपोर्ट किहिन है, उ कहिन, '[थलहा] ने कुफा के लोगन से कहा, 'नबी के वचनन मा बदनामी है; ई जवानन का बूढ़ा देखाई देई, अऊर बूढ़न का बूढ़ा देखाई देई'। इब्न स्युब्रुमाह ने कहा कि 'अगर इनमें से कोई बरात करे तो तल्हा और जुबैद केवल दूध और शहद डारते हैं। फिर तलहा से कहे कि नबी का रस इनके लिये काहे नहीं उंडारते हो? ऊ जवाब दिहिस, 'मैं नाहीं चाहत कि मोर कारन मुसलमान नशा करै'।
Imam Nasa'i : 5662
أَخْبَرَنَا إِسْحَقُ بْنُ إِبْرَاهِيمَ قَالَ أَنْبَأَنَا جَرِيرٌ قَالَكَانَ ابْنُ شُبْرُمَةَ لَا يَشْرَبُ إِلَّا الْمَاءَ وَاللَّبَنَ
हमका [इशाक बिन इब्राहिम] सूचित किहिन हैं, उ कहिन; हमका [जरीर] रिपोर्ट किहिन है, उ कहिन, '[इब्न श्युब्रुमाह] पानी या दूध के अलावा नाहीं पीत हैं'।